
राजधानी रायपुर छत्तीसगढ़ में कथित ओवरटाइम (अधिसमय) भुगतान घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए राज्य की आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा और एंटी करप्शन ब्यूरो ने आरोपी अनवर ढेबर को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है।
यह कार्रवाई (EOW) और ACB की संयुक्त जांच के तहत की गई है। मामला CSMCL में ओवरटाइम भुगतान से जुड़ा बताया जा रहा है।
100 करोड़ से अधिक के भुगतान महत्वपूर्ण कड़ी…
जांच एजेंसियों के मुताबिक, ओवरटाइम भत्ते के नाम पर करीब 100 करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान कराया गया। आरोप है कि यह राशि कर्मचारियों को दिए जाने के बजाय कमीशन के रूप में आपस में बांट ली गई। मामले में एजेंसियों के माध्यम से फर्जी या संदिग्ध भुगतान किए जाने की आशंका जताई गई है।
ED की सूचना के बाद जांच में तेजी….बताया गया कि ED रायपुर ने 29 नवंबर 2023 को तीन व्यक्तियों से 28 लाख रुपये नकद जब्ती की सूचना राज्य सरकार को भेजी थी। इसी इनपुट के आधार पर EOW और ACB ने संयुक्त रूप से मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
रिमांड पर पूछताछ..
अनवर ढेबर को अदालत में पेश किए जाने के बाद पुलिस रिमांड पर भेजा गया है। जांच एजेंसियां अब फंड फ्लो, कथित कमीशन नेटवर्क और अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की पड़ताल कर रही हैं। सूत्रों के अनुसार, आने वाले दिनों में इस मामले में और खुलासे हो सकते हैं। राज्य में यह मामला वित्तीय अनियमितताओं के बड़े प्रकरण के रूप में देखा जा रहा है। जिसमें अभी कई अहम कड़ियां उजागर होने की संभावनाएं हैं।